पंजाब से हरियाणा में प्रवेश करने से पहले अमृतपाल सिंह 18 मार्च की रात को करीब 50 मिनट तक लुधियाना की सड़कों पर घूमता रहा। सीसीटीवी फुटेज की जांच में उसे इधर-उधर जाते देखा जा सकता है। वहीं, पुलिस ने उन दो ऑटो चालकों से भी पूछताछ की है, जिसके ऑटो में बैठ कर अमृतपाल शेरपुर तक पहुंचा था।पुलिस कमिश्नर मंदीप सिंह सिद्धू बताया कि ऑटो चालकों ने अमृतपाल और पपलप्रीत को सवारी के तौर पर ही बैठाया था। वह अमृतपाल को नहीं पहचान सके। पूछताछ के बाद दोनों ऑटो चालकों को भेज दिया गया है। हार्डीज वर्ल्ड से उसे ऑटो में बैठा जालंधर बाईपास और उसके आगे उसे शेरपुर चौक तक छोड़ने वाले ऑटो चालकों ने बताया कि उनके ऑटो में दो लोग बैठे थे, लेकिन उन्हें यह पता नहीं था कि वह अमृतपाल और उसका साथी हैं। उन्होंने किराया लेकर उन्हें बताई जगह तक छोड़ दिया।

बस से हरियाणा में दाखिल हुआ

सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, अमृतपाल सिंह नौ बजकर बीस मिनट से लेकर दस बजकर दस मिनट तक लुधियाना में रहा। उसने पहला हार्डीज वर्ल्ड से लिया और जालंधर बाईपास पहुंचा। इसमें उसे बीस मिनट लगे। इसके बाद दूसरा ऑटो लेकर वह शेरपुर तक पहुंचा। इसमें उसे तीस मिनट के करीब का समय लगा। अमृतपाल को गिरफ्तार करने के लिए पूरे पंजाब में नाके लगा गए थे। लेकिन पुलिस उसे पकड़ नहीं पाई और वह बस के जरिए हरियाणा में दाखिल हो गया।

नेपाल भागने की आशंका, अलर्ट जारी, आने-जाने वाले यात्रियों की हो रही जांच

उधर, खलिस्तान समर्थक अमृतपाल के नेपाल भागने की आशंका को देखते हुए भारत-नेपाल सीमा महराजगंज के सोनौली पर अमृतपाल और पपलप्रीत के पोस्टर लगे हैं। पंजाब से फरार चल रहे वारिस पंजाब दे के अमृतपाल सिंह की तलाश में भारत-नेपाल सीमा पर अलर्ट जारी किया गया है। सोनौली बॉर्डर पर अमृतपाल और पपलप्रीत के पोस्टर लगाए गए हैं। सशस्त्र सीमा बल और पुलिस ने चौकसी बढ़ा दी है। भारत से नेपाल आने-जाने वाले वाहनों और यात्रियों की सघन जांच की जा रही है। वहीं, होटलों, बस पार्क और सार्वजनिक स्थलों पर भी पुलिस की पैनी नजर है।

बताया जा रहा है कि अमृतपाल 19 मार्च की रात को हरियाणा के शाहाबाद आया था। वहां से अपने सहयोगी पपलप्रीत के साथ फरार हो गया। अमृतपाल जब से फरार हुआ है, तबसे न केवल हुलिया बदला है बल्कि वाहन भी बदल रहा है। इसको लेकर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह चौकन्ना हैं। सरहद के सभी नाकों पर जवान सतर्कता बरत रहे हैं।

सीमा पर खुफिया विभाग दो दिन से अलर्ट पर है। वहीं, भारतीय खुफिया विभाग ने नेपाल प्रशासन को अलर्ट कर दिया है। पोखरा, काठमांडो के रास्तों पर नेपाल पुलिस की भी पैनी नजर है। कुछ महीने पहले ही भारतीय खुफिया विभाग ने अलर्ट किया जारी किया था। बांग्लादेश, पाकिस्तान के आतंकी संगठन, खालिस्तान विद्रोहियों से मिल कर नेपाल में भारत के खिलाफ साजिश रच रहे हैं।

सभी सीमाओं पर लगीं तस्वीरें

सोनौली ही नहीं बल्कि जिले से लगी 84 किलोमीटर की सीमा के सभी नाकों पर अमृतपाल और पपलप्रीत की तस्वीरें चस्पा कर दी गई हैं। सोनौली प्रभारी निरीक्षक अभिषेक सिंह ने बताया कि जब से अमृतपाल सिंह के लिए लुकआउट नोटिस जारी किया गया है, तभी से सीमा पर सतर्कता बढ़ा दी गई है। एजेंसी अलर्ट मोड पर है। नेपाल जाने वाले सभी लोगों और वाहनों की सघनता से जांच की जा रही है। जांच के बाद ही लोगों को नेपाल जाने की अनुमति दी जा रही है।(एएमएपी)