देश में मोबाइल नंबर ब्लॉक करने में हरियाणा पहुंचा पहले स्थान पर।
रिपोर्ट के अनुसार वर्तमान में साइबर अपराध में लिप्त मोबाइल नंबर सबसे अधिक आंध्र प्रदेश से जारी किये गए और उनका संचालन प्रदेश में साइबर अपराध करने के लिए हो रहा है। इस समय फेक आईडी पर खरीदे गए चिन्हित मोबाइल नंबरों में, 12822 मोबाइल नंबर आंध्र प्रदेश से, 4365 पश्चिम बंगाल से, 4338 दिल्ली से, 2322 असम से, 2261 नॉर्थ ईस्ट राज्यों से और 2490 हरियाणा प्रदेश से जारी किये गए हैं। सभी नंबर वर्तमान में हरियाणा के अलग अलग क्षेत्रों से संचालित हो रहे है, जिनको ब्लॉक करने के लिए दूरसंचार विभाग को लिखा जा चुका है। प्रवक्ता ने बताया कि फर्जी एवं जाली दस्तावेजों के आधार पर जारी किए गए 20,545 मोबाइल नंबर को ब्लॉक करवा दिया है। इसके अलावा साइबर ठगी में संलिप्त अन्य 14 हजार मोबाइल नंबरों को भी भारत सरकार के दूरसंचार विभाग के माध्यम से जल्द ही ब्लॉक करवा दिया जाएगा। माना जा रहा है कि देशभर में फेक आईडी पर चल मोबाइल नंबर बंद कराने में हरियाणा नंबर वन हो गया है।

पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि वर्तमान में ऐसे क्षेत्रों और गाँवों पर ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है, जहां से साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम दिया जा रहा है। हाल ही में केंद्र सरकार ने नौ राज्यों में 32 साइबर क्राइम के हॉटस्पॉट बताए थे, उनमें मेवात, भिवानी, नूह, पलवल, मनोटा, हसनपुर, हथन गांव भी शामिल थे।
उन्होंने बताया कि स्टेट क्राइम ब्रांच वर्तमान में साइबर अपराध में संलिप्त सभी मोबाइल नंबरों पर नजर रख रही है और प्रति दिन जिलों से उपरोक्त बाबत रिपोर्ट ले रही है। इसी कारण से वर्तमान में साइबर ठगी में उपयोग किये गए मोबाइल नंबर ब्लॉक करने में हरियाणा प्रथम स्थान पर है।
स्टेट क्राइम ब्रांच चीफ व अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह ने बताया कि वर्तमान में प्रदेश की साइबर हेल्पलाइन टीम के 40 पुलिसकर्मी 24 घंटे साइबर ठगी को रोकने के लिए काम कर रहे हैं। प्रदेश में स्टेट क्राइम ब्रांच में केन्द्रीय गृह मंत्रालय के निर्देशानुसार हरियाणा स्टेट साइबर कोआर्डिनेशन सेंटर की स्थापना की गई है।(एएमएपी)



