सड़कों पर सन्नाटा, श्मशान में लगी लंबी कतारें
चीन में एक बार फिर कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है। कोविड का खौफ कुछ इस कदर हावी है कि लोग खुद को बचाने के लिए घरों में कैद हो गए हैं। लिहाजा सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। चीन के कई शहर ऐसे हैं, जहां कोविड के केसों में बेतहाशा बढ़ोतरी हो रही है। आलम ये है कि कई शहरों में अस्पतालों में एंटीजन टेस्ट किट की कमी आ गई है, श्मशान घाटों पर लंबी कतारें लगी हुई हैं। इतना ही नहीं, एक्सपर्ट कह रहे हैं कि चीन को तीन लहरों से अलर्ट रहना होगा, क्योंकि इस दौरान केस बढ़ सकते हैं।
चीन के प्रमुख महामारी विशेषज्ञ वू ज़ुन्यो ने चेतावनी दी है कि चीन में कोरोना की तीन लहर (वेव) आएंगी। पहला मौका क्रिसमस, दूसरा अवसर न्यू ईयर और तीसरा मौका लूनर न्यू ईयर के बाद होगा। क्योंकि लोग इन मौकों पर अपने घरों की ओर लौटते हैं, ऐसे में लापरवाही बरतने पर खतरा कई गुना बढ़ सकता है। उन्होंने कहा कि कोरोना की तीन लहरों में से पहली वेव इसी सर्दी में आएगी।
दरअसल, चीन की शी जिनपिंग सरकार ने कोविड को लेकर अपनी जीरो कोविड पॉलिसी को देश में तमाम विरोधों के बाद खत्म कर दिया था। इसके बाद कोरोना के केसों में अप्रत्याशित तौर पर इजाफा हुआ है। जानकारी के मुताबिक चीन के उतर से लेकर दक्षिण तक फैले शहरों में कोरोना का ग्राफ बढ़ता जा रहा है।
खानपान, पार्सल और डिलीवरी तक की किल्लत
श्मशान घाट पर लगी लंबी कतारें
क्रिसमस और न्यूईयर की तैयारियां भी फीकीं

ये तीन लहरें बढ़ा सकती हैं टेंशन
चीन के अधिकारियों ने कहा कि सोमवार से अधिकांश स्कूलों को बंद कर दिया जाएगा। स्टूडेंट्स से कहा है कि वह घर से ही पढ़ाई करें। उधर, हांग्जो में अधिकांश स्कूलों से कहा गया है कि शीतकालीन सेमेस्टर जल्दी खत्म करें। साथ ही एजुकेशन अथॉरिटी ने कहा कि गुआंगज़ौ में जिन स्कूलों में पहले से ही ऑनलाइन क्लास चल रही है, उन्हें इसी फॉरमेट में कक्षाओं का संचालन करना होगा।
बीजिंग में चीनी रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र के प्रमुख महामारी विज्ञानी वू ने कहा कि इस सर्दी में कोरोना का कहर चरम पर होगा और लगभग तीन महीनों तक तीन लहरों का सामना करना होगा।
इन दिनों में बरतनी होगी सावधानी
बूस्टर डोज लगवाने की अपील
अमेरिका ने कहा- 2023 में 10 लाख से ज्यादा मौतें हो सकती हैं
अमेरिका स्थित एक शोध संस्थान ने इस सप्ताह कहा कि देश में मामलों का विस्फोट देखा जा सकता है और चीन में 2023 में 10 लाख से अधिक लोग कोविड से मर सकते हैं। (एएमएपी)








